हो रहा पानी खून , अब खून चलना चाहिए |
बड़ा है अहंकार जिसका, वह आकर बदलना चाहिए |
अब मिट्टी के इन पुतलों में भी जीवन मचलना चाहिए |
चींखना चिल्लाना बहुत हुआ , अब मौन जलना चाहिए |
बहुत हुई ये तू तू मैं मैं , अब प्रश्न बदलना चाहिए |
एक बाँध पानी पे नहीं , नसों पे बनाना चाहिए |
हो रहा पानी खून, काम से काम अब खून चलना चाहिए |
बड़ा है अहंकार जिसका, वह आकर बदलना चाहिए |
अब मिट्टी के इन पुतलों में भी जीवन मचलना चाहिए |
चींखना चिल्लाना बहुत हुआ , अब मौन जलना चाहिए |
बहुत हुई ये तू तू मैं मैं , अब प्रश्न बदलना चाहिए |
एक बाँध पानी पे नहीं , नसों पे बनाना चाहिए |
हो रहा पानी खून, काम से काम अब खून चलना चाहिए |
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